हिसार। जिले में सर्दी के साथ कोहरे की भी शुरुआत हो गई है। शनिवार सुबह करीब दस बजे तक शहर और खासतौर पर शहर से बाहर के इलाकों में कोहरे का असर देखने को मिला। इस दौरान दृश्यता 50 से 80 मीटर तक सिमट गई। कोहरे की दस्तक, धूप नरम 2025 के चलते सुबह के समय वाहन चालकों को सतर्कता बरतनी पड़ी।
लगातार तापमान में गिरावट के बाद दिसंबर माह में कोहरे ने दस्तक दी है। पिछले 13 दिनों से जिले में रात का तापमान सामान्य से कम रिकॉर्ड किया जा रहा है। शुक्रवार की रात हिसार का न्यूनतम तापमान प्रदेश में सबसे कम दर्ज किया गया। मौसम के कोहरे की दस्तक, धूप नरम 2025 विभाग के अनुसार शनिवार को पश्चिमी विक्षोभ का असर समाप्त होने के बाद रविवार से तापमान में और गिरावट आने की संभावना है।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार 16 दिसंबर से एक बार फिर उत्तर-पश्चिमी हवाएं चलने की संभावना है। इससे आने वाले दिनों में न्यूनतम तापमान में स्थिरता बनी रह सकती है और हल्की ठंड का असर लगातार जारी रहेगा।
पिछले 24 घंटों के दौरान पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से औसत न्यूनतम तापमान में 0.6 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। हिसार में न्यूनतम तापमान 6.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब दो डिग्री कम रहा। वहीं अधिकतम तापमान में भी दो डिग्री की गिरावट आई और शनिवार को अधिकतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
बारिश न होने से कोहरा सीमित
बारिश न होने और वातावरण में नमी की कमी के चलते धुंध और कोहरे का प्रभाव सीमित रहा है। पिछले एक महीने से लगातार कमजोर पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहे हैं, जिनसे उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की बर्फबारी और बारिश हो रही है। हालांकि मैदानी राज्यों में इनका असर केवल तापमान में उतार-चढ़ाव और हल्की बादलवाही तक ही सीमित रहा है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने पर हवाओं की दिशा में बदलाव से तापमान में अस्थायी बढ़ोतरी भी देखी जाती है।
अब बढ़ेगी सर्दी


मौसम विशेषज्ञ डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ 13 दिसंबर की रात तक आगे निकल गया है। इसके बाद हवाओं की दिशा बदलने से तापमान में गिरावट आएगी। 14 और 15 दिसंबर को तापमान और नीचे जा सकता है। 16 दिसंबर को एक और पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा, हालांकि 20 दिसंबर तक मौसम शुष्क रहने और बारिश की कोई संभावना नहीं है।